धार में जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) संगठन द्वारा कलेक्टर महोदय को ज्ञापन सौंपकर भोपाल में आदिवासी छात्रों के पारंपरिक अभिवादन ‘जय जोहार’ पर कथित रूप से गाली-गलौज करने एवं अपमानजनक टिप्पणी करने वाले पुलिस निरीक्षक के विरुद्ध उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की गई।
‘जय जोहार’ केवल एक अभिवादन नहीं, बल्कि आदिवासी समाज की संस्कृति, अस्मिता, स्वाभिमान और सम्मान का प्रतीक है। आदिवासी समाज की परंपराओं एवं संवैधानिक अधिकारों का सम्मान सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी है।
जयस संगठन ने मांग की कि मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच की जाए और कानून के अनुसार उचित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
ज्ञापन में उपस्थित:-
अंतिम मुझाल्दा जयस प्रदेश अध्यक्ष, मध्यप्रदेश, गेंदालाल रणदा, सुभाष मण्डलोई, कमल बामनिया, घनश्याम सिसोदिया, शोभाराम नर्गेश।





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